नमस्कार दोस्तों, हमारे यूसी न्यूज़ चैनल में आपका स्वागत है। यहां हम हर दिन दुनिया में हो रही अजीबोगरीब घटनाओ के बारे में पोस्ट करते रहते हैं। अगर आप भी ऐसी रोचक खबरे जानना चाहते है तो ऊपर दिए पीले बटन को दबाकर हमें फॉलो करें। चलिए शुरू करते हैं।

स्पेन के 22 वर्षीय पोस्टमैन गैब्रीअल मार्च ग्रनाडोस को साल 1972 में 3,84,912 साल की सजा सुनाई गई थी। उसे 40 हजार से ज्यादा पत्र और पार्सल डिलिवर न करने का दोषी पाया गया था। अदालत ने प्रत्येक पत्र और पार्सल के बदले उसे 9-9 साल की सजा सुनाई थी। हालांकि बाद में उसकी लाखों साल की ये सजा घटाकर 14 साल कर दी गई थी।

थाईलैंड की चमोए थिप्यासो नाम की महिला दुनिया की सबसे लंबी जेल की सजा पाने वालों में से एक है। उसे साल 1989 में अदालत द्वारा 1,41,078 साल की सजा सुनाई गई थी। उसे एक पिरमिड स्कीम में 16,231 लोगों के करीब 19 करोड़ रुपये का चूना लगाने का दोषी पाया गया था। हालांकि बाद में थाईलैंड में एक कानून पास हुआ कि धोखाधड़ी के मामले में अपराधी को कितनी भी लंबी सजा क्यों न सुनाई गई हो, उसे 20 साल से ज्यादा जेल में नहीं रखा जा सकता।

दोस्तों, हमें उम्मीद है कि आपको हमारा यह लेख पसंद आया होगा। आप अपनी राय नीचे कमेंट बॉक्स में दे सकते हैं और नीचे दिए गए लाइक बटन पर क्लिक करके हमारे लेख को लाइक कर सकते हैं।

स्पेन के 22 वर्षीय पोस्टमैन गैब्रीअल मार्च ग्रनाडोस को साल 1972 में 3,84,912 साल की सजा सुनाई गई थी। उसे 40 हजार से ज्यादा पत्र और पार्सल डिलिवर न करने का दोषी पाया गया था। अदालत ने प्रत्येक पत्र और पार्सल के बदले उसे 9-9 साल की सजा सुनाई थी। हालांकि बाद में उसकी लाखों साल की ये सजा घटाकर 14 साल कर दी गई थी।

थाईलैंड की चमोए थिप्यासो नाम की महिला दुनिया की सबसे लंबी जेल की सजा पाने वालों में से एक है। उसे साल 1989 में अदालत द्वारा 1,41,078 साल की सजा सुनाई गई थी। उसे एक पिरमिड स्कीम में 16,231 लोगों के करीब 19 करोड़ रुपये का चूना लगाने का दोषी पाया गया था। हालांकि बाद में थाईलैंड में एक कानून पास हुआ कि धोखाधड़ी के मामले में अपराधी को कितनी भी लंबी सजा क्यों न सुनाई गई हो, उसे 20 साल से ज्यादा जेल में नहीं रखा जा सकता।

दोस्तों, हमें उम्मीद है कि आपको हमारा यह लेख पसंद आया होगा। आप अपनी राय नीचे कमेंट बॉक्स में दे सकते हैं और नीचे दिए गए लाइक बटन पर क्लिक करके हमारे लेख को लाइक कर सकते हैं।
0 Comments